मुज़फ़्फ़रनगर: मुज़फ़्फ़रनगर में बादल ठाकुर की मौत के मामले में पांच दिन बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से आहत परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। ब्लैकमेलिंग और मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर आत्महत्या करने वाले बादल ठाकुर के बेटे करण और परिवार के अन्य सदस्य न्याय की गुहार लेकर गुरुवार सुबह करीब 11 बजे एसएसपी कार्यालय पहुंचे। परिजनों ने आरोप लगाया कि मुकदमा दर्ज होने के बावजूद मुख्य आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई है। इतना ही नहीं, अब उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं।
मकान विवाद में ब्लैकमेलिंग का आरोप
मृतक के बेटे करण ने बताया कि उनके परिवार ने सनी वर्मा से एक मकान खरीदा था। करण के मुताबिक, मकान की पूरी रकम चुकाने के बावजूद सनी वर्मा और उसके साथी उनके पिता को लगातार ब्लैकमेल कर रहे थे। परिवार का आरोप है कि इस विवाद के चलते बादल ठाकुर पर लगातार मानसिक दबाव बनाया जा रहा था।
फर्जी पत्रकार द्वारा प्रताड़ना का आरोप
करण ने एक कथित फर्जी पत्रकार पर भी गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि उक्त व्यक्ति दुकान पर आकर पैसे ऐंठने के लिए धमकाता था। झूठी खबरें चलाने की धमकी देकर उनके पिता को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। परिवार का दावा है कि लगातार ब्लैकमेलिंग और मानसिक तनाव के चलते बादल ठाकुर गंभीर अवसाद में चले गए थे।
एसएसपी कार्यालय में न्याय की गुहार
परिजनों के मुताबिक, घटना के बाद मुकदमा दर्ज कराया गया, लेकिन पांच दिन बीतने के बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी उन्हें जान से मारने की धमकियां दे रहे हैं। इसी को लेकर मृतक के बेटे करण और अन्य परिजन एसएसपी कार्यालय पहुंचे और अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
आरोपियों की गिरफ्तारी और आत्महत्या की चेतावनी
परिवार ने सभी पांच आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है। परिजनों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे भी आत्महत्या करने को मजबूर हो जाएंगे। परिवार की इस चेतावनी के बाद मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। फिलहाल परिवार ने पुलिस से सुरक्षा, निष्पक्ष जांच और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
Reported by: Rohit












