नई दिल्ली: पेट्रोल पंप पर गाड़ी भरवाने जाने वालों के लिए एक अहम खबर सामने आई है। शनिवार को प्राइवेट तेल कंपनी नायरा ने अचानक पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ा दिए, जिससे देशभर में हजारों उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा असर पड़ने वाला है। हालांकि सरकारी तेल कंपनियों ने फिलहाल अपने रेट में कोई बदलाव नहीं किया है, और वहां कीमतें पुराने स्तर पर ही बनी हुई हैं।
जानकारी के मुताबिक नायरा ने पेट्रोल की कीमत में 5 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत में 3 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी कर दी है। इस फैसले का असर उन 7,000 से ज्यादा पेट्रोल पंपों पर पड़ेगा, जो देशभर में नायरा के नाम से चल रहे हैं। यहां आने वाले ग्राहकों को अब पहले से ज्यादा पैसे चुकाने होंगे। गौरतलब है कि इसी साल मार्च में भी नायरा ने ही सबसे पहले दाम बढ़ाए थे, जिसके बाद अन्य तेल कंपनियों ने भी अपनी कीमतों में इजाफा कर दिया था।
कच्चे तेल की कीमतों ने बढ़ाया दबाव
इस बढ़ोतरी के पीछे मुख्य वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की ऊंची कीमतें बताई जा रही हैं। लंबे समय से क्रूड ऑयल का भाव इंटरनेशनल मार्केट में 90 डॉलर प्रति बैरल या उससे भी ज्यादा के स्तर पर बना हुआ है, जिसकी वजह से तेल कंपनियों पर दाम बढ़ाने का दबाव बढ़ रहा है। अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें कम नहीं हुईं, तो आने वाले समय में सरकारी तेल कंपनियां भी अपने रेट बढ़ा सकती हैं। युद्ध शुरू होने से पहले इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड ऑयल का भाव करीब 70 डॉलर प्रति बैरल के आसपास था।
देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल के ताजा दाम
अलग-अलग शहरों में पेट्रोल की बात करें तो दिल्ली में इसकी कीमत 102.12 रुपये, कोलकाता में 113.51 रुपये, मुंबई में 111.21 रुपये, चेन्नई में 107.76 रुपये, गुरुग्राम में 102.97 रुपये, नोएडा में 101.77 रुपये, बेंगलुरु में 110.97 रुपये और हैदराबाद में 115.73 रुपये प्रति लीटर है।
डीजल के दाम पर एक नजर
वहीं डीजल की कीमतें देखें तो दिल्ली में यह 95.20 रुपये, कोलकाता में 99.82 रुपये, मुंबई में 97.83 रुपये, चेन्नई में 99.55 रुपये, नोएडा में 95.60 रुपये, हैदराबाद में 103.86 रुपये, जयपुर में 98.50 रुपये और पटना में 99.80 रुपये प्रति लीटर है।
गौरतलब है कि इसी साल मई महीने में तेल कंपनियों ने चार बार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाए थे, जिसके बाद कीमतों में कुल 7.5 रुपये प्रति लीटर तक का इजाफा हो गया था। यह बढ़ोतरी साल 2022 के बाद पहली बार हुई थी, और इसके बाद से अब तक दाम स्थिर बने हुए थे।












