नई दिल्ली: सावन का महीना भगवान शिव की आराधना के लिए बेहद पवित्र माना जाता है. इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु सावन सोमवार का व्रत रखते हैं और भोलेनाथ को फल, मिठाई और अन्य सात्विक व्यंजनों का भोग अर्पित करते हैं. अगर इस बार आप भी सावन सोमवार के अवसर पर घर में कुछ खास बनाना चाहते हैं, तो बाजार से मिठाई खरीदने की बजाय घर पर तैयार किया गया कलाकंद एक बेहतरीन ऑप्शन हो सकता है.
कलाकंद मिठाई
कलाकंद दूध से बनने वाली पारंपरिक भारतीय मिठाई है, जो अपने स्वाद और बनावट के कारण लोगों की पसंदीदा मानी जाती है. अच्छी बात यह है कि इसे बनाने के लिए बहुत अधिक सामग्री की जरूरत नहीं होती। ताजा दूध, चीनी, इलायची और कुछ सूखे मेवों की मदद से आप आसानी से स्वादिष्ट कलाकंद तैयार कर सकते हैं.
इसे बनाने के लिए सबसे पहले करीब दो लीटर दूध को भारी तले वाले बर्तन में मध्यम आंच पर लगातार चलाते हुए उबालें। जब दूध थोड़ा गाढ़ा होने लगे, तब उसमें धीरे-धीरे नींबू का रस मिलाकर फाड़ लें. तैयार छेने को कपड़े से छानकर अतिरिक्त पानी निकाल दें.
इसके बाद छेने को दोबारा गाढ़े दूध में मिलाएं और धीमी आंच पर पकाते रहें. इसमें स्वादानुसार चीनी और आधा चम्मच इलायची पाउडर डालकर लगातार चलाएं। जब मिश्रण गाढ़ा होकर बर्तन छोड़ने लगे, तब गैस बंद कर दें.
प्लेट में फैला ले मिश्रण
अब एक प्लेट या ट्रे में हल्का-सा घी लगाकर तैयार मिश्रण को समान रूप से फैला दें. इसके साथ इसके ऊपर से कटे हुए बादाम और पिस्ता डालकर हल्के हाथों से दबाएं। इसे कुछ घंटों तक ठंडा होने दें ताकि मिठाई अच्छी तरह सेट हो जाए. इसके बाद अपनी पसंद के अनुसार चौकोर या डायमंड आकार में काटकर भगवान शिव को भोग लगाएं और परिवार के साथ इसका आनंद लें.
बेहतर स्वाद के लिए हमेशा ताजा दूध का इस्तेमाल करें और दूध पकाते समय उसे लगातार चलाते रहें, ताकि वह बर्तन में न लगे. इसके साथ ही चीनी की मात्रा संतुलित रखें और कलाकंद को पूरी तरह जमने का समय जरूर दें. इससे मिठाई का स्वाद और बनावट दोनों बेहतर बनेंगे.












