नई दिल्ली: दिल्ली नगर निगम की सामान्य सभा में गुरुवार को सियासी घमासान देखने को मिला। स्वच्छता और वायु प्रदूषण जैसे गंभीर मुद्दों पर चर्चा के दौरान हुए हंगामे को लेकर महापौर प्रवेश वाही ने आम आदमी पार्टी के पार्षदों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि हंगामे और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने से सदन की गरिमा को ठेस पहुंची। मामले को अनुशासन समिति के पास भेजते हुए दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की बात कही। महापौर ने कहा कि सदन में दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों पर आधे घंटे की चर्चा निर्धारित थी, लेकिन हंगामे के कारण कार्यवाही प्रभावित हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस दौरान कांग्रेस की एक पार्षद पर भी अभद्र टिप्पणी की गई।
त्योहारों से पहले सफाई अभियान को रफ्तार
महापौर ने घोषणा की कि आगामी त्योहारों के मद्देनजर तीन महीने के लिए 2500 सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति की जाएगी। इसके अलावा प्रत्येक पार्षद को अपने क्षेत्र में विकास कार्य कराने के लिए 25 लाख रुपये दिए जाएंगे। उन्होंने दावा किया कि हाल ही में 1500 सफाई कर्मचारियों को नियमित किया गया है, जिससे उनका मासिक वेतन लगभग 18,500 रुपये से बढ़कर 50,000 रुपये तक पहुंच गया है।
यमुना सफाई और कचरे से गैस बनाने पर जोर
वाही के मुताबिक केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने यमुना की सफाई से जुड़ी 8,941 करोड़ रुपये की परियोजनाओं को हरी झंडी दिखाई है। वहीं, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के प्रस्ताव के तहत 6,600 मीट्रिक टन गोबर से गैस बनाने की योजना को सदन ने मंजूरी दी। महापौर ने कहा कि राजनीतिक हंगामे के बावजूद निगम नागरिक हितों से जुड़े फैसले लेने के लिए प्रतिबद्ध है।
Reported By: Pankaj Rai












