नई दिल्ली: दिवाली से पहले महाराष्ट्र के किसानों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य सरकार ने सूखे की मार झेल रहे किसानों को आर्थिक मदद देने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घोषणा की है कि प्रभावित किसानों को अंतरिम सहायता के तौर पर 5,000 रुपये दिए जाएंगे। सरकार का लक्ष्य है कि किसानों तक यह राशि दिवाली से पहले पहुंच जाए। सूखे के कारण फसलों को हुए नुकसान और खेती से जुड़ी परेशानियों के बीच इस मदद से किसानों को कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
महाराष्ट्र में बारिश की कमी के चलते खेती पर काफी असर पड़ा है। राज्य सरकार ने सूखे की गंभीर स्थिति को देखते हुए 34 जिलों के 305 तालुकों को सूखाग्रस्त घोषित किया है। शुरुआत में 265 तालुकों में सूखा घोषित किया गया था, लेकिन हालात का आकलन करने के बाद इसका दायरा बढ़ा दिया गया। सूखे का असर मराठवाड़ा, विदर्भ, उत्तर महाराष्ट्र और पुणे संभाग के कई इलाकों में देखने को मिला है। ऐसे में किसानों को तत्काल आर्थिक सहायता देने का फैसला अहम माना जा रहा है।
केंद्र की मदद का इंतजार किए बिना राहत
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सितंबर में सूखा प्रभावित गांवों का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने किसानों को राहत देने के लिए जरूरी कदम उठाने की बात कही थी। सरकार के मुताबिक, दिवाली से पहले केंद्र से सहायता मिलने की उम्मीद को देखते हुए राज्य स्तर पर अंतरिम मदद देने का निर्णय लिया गया है।
किसानों को मिल सकती हैं अन्य सुविधाएं
5,000 रुपये की आर्थिक सहायता के अलावा सूखा प्रभावित क्षेत्रों में किसानों को दूसरी राहतें भी दी जा रही हैं। इनमें फसल कर्ज की वसूली पर रोक या राहत, बिजली बिल में छूट और पानी की व्यवस्था जैसे कदम शामिल हैं। पात्र किसानों को फसल नुकसान के मुआवजे का लाभ भी मिल सकता है।
बारिश की कमी ने राज्य के कई हिस्सों में खेती को प्रभावित किया है। ऐसे में दिवाली से पहले मिलने वाली आर्थिक मदद किसानों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है। हालांकि, सहायता पाने की पात्रता और भुगतान से जुड़ी विस्तृत जानकारी के लिए किसानों को राज्य सरकार की आधिकारिक घोषणाओं पर नजर रखनी चाहिए।












