नई दिल्ली: भारत में सड़क पार करना कई बार पैदल यात्रियों के लिए चुनौती बन जाता है. खासकर व्यस्त चौराहों और ट्रैफिक सिग्नल पर लोगों को वाहनों के बीच से रास्ता बनाना पड़ता है। इसी बीच अमेरिका की सड़क व्यवस्था दिखाने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो की खास बात है की इसमें भारत और अमेरिका के ट्रैफिक सिस्टम के बीच अंतर को दिखाया गया है।
पैदल यात्री के लिए रोका जाता है ट्रैफिक
राहुल ने वीडियो की शुरुआत इसी सवाल से की कि अमेरिका की सड़कों पर पैदल चलने वाले इंसान की कितनी अहमियत है। उनका मकसद यह दिखाना था कि ट्रैफिक व्यवस्था में पैदल यात्रियों की सुरक्षा को किस तरह प्राथमिकता दी जाती है। उन्होंने यह भी सवाल किया कि क्या दूसरे देशों में भी इसी तरह की व्यवस्था देखने को मिलती है।
वीडियो में देखा जा सकता है कि अमेरिका में रहने वाले राहुल मिश्रा ने अपने वीडियो में सड़क पार करने का एक छोटा सा एक्सपीरियंस शेयर किया है. उन्होंने बताया कि वहां पैदल यात्रियों के लिए सिग्नल के पास एक बटन लगाया जाता है. सड़क पार करने के लिए पैदल यात्री इस बटन को दबाता है और इसके बाद कुछ समय के लिए ट्रैफिक रोक दिया जाता है।
भारत की सड़क व्यवस्था पर उठे सवाल
वीडियो में आगे देखा जा सकता है वीडियो में राहुल पहले बटन दबाते हैं। इसके कुछ ही समय बाद ट्रैफिक सिग्नल पर पैदल यात्रियों के लिए सड़क पार करने का संकेत मिलता है और गाड़ियों को रुकना पड़ता है। राहुल बताते हैं कि इस व्यवस्था में सड़क पर कोई भी व्यक्ति कितना ही प्रभावशाली क्यों न हो, ट्रैफिक नियमों के मुताबिक उसे पैदल यात्री को रास्ता देना ही होगा। वहीं इस वीडियो में सामने आने के बाद ज्यादातर यूजर्स ने भारत की सड़क व्यवस्था को लेकर अपनी राय रखी।
भौगोलिक नक्शा खोजना
वीडियो को मिले करोड़ों व्यूज
राहुल की यह रील सोशल मीडिया पर जबरदस्त वायरल हो रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, वीडियो को अब तक करीब 1.88 करोड़ व्यूज मिल चुके हैं, जबकि इसे 14 लाख से ज्यादा लाइक्स भी मिले हैं। कमेंट सेक्शन में कई यूजर्स ने मजेदार अंदाज में भारत में ऐसी व्यवस्था लागू होने की संभावित स्थिति पर प्रतिक्रिया दी। एक यूजर ने लिखा कि भारत में तो बटन ही चोरी हो जाएगा। वहीं दूसरे ने कहा कि यहां सड़क बन जाना ही बड़ी बात है। इसके साथ ही कुछ लोगों ने पैदल यात्रियों की सुरक्षा को लेकर ऐसी व्यवस्था भारत में भी लागू करने की मांग की है।












