नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ता सैन्य तनाव अब जॉर्डन तक पहुंच गया है. अमेरिका द्वारा पांच ईरानी कच्चे तेल के टैंकरों को निशाना बनाए जाने के बाद ईरान ने जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागने का दावा किया है. इस घटनाक्रम ने मध्य पूर्व में पहले से जारी तनाव को और गंभीर कर दिया है.
जॉर्डन के अमेरिकी सैन्य ठिकाने को बनाया निशाना
ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, इस हमले में जॉर्डन के मुवफ्फक साल्टी एयर बेस को निशाना बनाया गया. यह क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य गतिविधियों के लिए एक अहम केंद्र माना जाता है. ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया कि उसका लक्ष्य वहां मौजूद अमेरिकी सैन्य संसाधन और लड़ाकू विमान थे.
जॉर्डन की सेना के मुताबिक, देश की ओर करीब 20 मिसाइलें दागी गईं. इनमें से 18 को जॉर्डन के एयर डिफेंस सिस्टम ने रास्ते में ही रोक दिया, जबकि दो मिसाइलें आबादी से दूर खाली इलाकों में गिरी. शुरुआती जानकारी के अनुसार, हमले में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.
अमेरिका ने 5 ईरानी तेल टैंकर किए थे तबाह
ईरान का यह हमला अमेरिका की उस कार्रवाई के कुछ ही समय बाद हुआ, जिसमें अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने पांच ईरानी कच्चे तेल के टैंकरों को नष्ट करने की जानकारी दी थी. अमेरिका के अनुसार, ईरानी IRGC ने पिछले दो दिनों में अमेरिकी नौसेना के एक युद्धपोत को बैलिस्टिक मिसाइलों से दो बार निशाना बनाने की कोशिश की थी. अमेरिकी युद्धपोत दोनों हमलों से बच गया और उसके किसी कर्मी को नुकसान नहीं हुआ.
जिन टैंकरों को निशाना बनाया गया, उनमें M/T Kaviz, M/T Charminar, M/T Horizon 1, M/T Riesco और M/T Derya शामिल बताए गए हैं. चार जहाजों पर Gulf of Oman में कार्रवाई हुई, जबकि एक को खार्ग द्वीप के पास निशाना बनाया गया.
होर्मुज जलडमरूमध्य पर बढ़ा दबाव
दोनों देशों के बीच बढ़ती सैन्य गतिविधियों का असर होर्मुज जलडमरूमध्य पर भी पड़ सकता है. यह समुद्री मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है. अमेरिका ईरान के तेल निर्यात और कथित वित्तीय नेटवर्क पर दबाव बढ़ा रहा है, जबकि ईरान लगातार अमेरिकी सैन्य गतिविधियों का जवाब देने की चेतावनी देता रहा है. जॉर्डन की स्थिति भी अहम है क्योंकि वहां अमेरिकी सैन्य मौजूदगी है. ऐसे में ईरान-अमेरिका टकराव के बढ़ने से पूरे क्षेत्र में सुरक्षा चिंताएं और गहरा सकती हैं.












