नई दिल्ली: एशियाई खेलों में भारत की झोली में एक और सोना आ गया है। मिश्रित टीम ट्रैप शूटिंग के फाइनल में नीरू ढांडा और काइनन चेनाई की जोड़ी ने शानदार निशानेबाजी की और देश को स्वर्ण पदक दिला दिया। इस जीत के बाद खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई है और सोशल मीडिया पर भी दोनों खिलाड़ियों को बधाइयां मिल रही हैं।
फाइनल मुकाबले में दोनों भारतीय निशानेबाजों के बीच जबरदस्त तालमेल नजर आया। दबाव भरे पलों में भी उन्होंने अपना धैर्य नहीं खोया और एक-एक निशाना सोच-समझकर साधा। इसी संयम का नतीजा रहा कि भारतीय जोड़ी ने कुल 34 अंक हासिल किए और पहले स्थान पर रही। कतर की टीम ने भी कड़ी चुनौती दी, लेकिन वह 32 अंकों पर रुक गई। यानी जीत का अंतर सिर्फ दो अंकों का रहा, जो बताता है कि मुकाबला कितना करीबी था और हर निशाना कितना कीमती साबित हुआ।
किसे मिला कौन सा पदक
इस स्पर्धा में भारत ने 34 अंकों के साथ स्वर्ण जीता, जबकि कतर 32 अंकों के साथ रजत पदक पर रहा। चीन की जोड़ी ने 23 अंक बनाकर कांस्य पदक अपने नाम किया। ईरान की टीम 12 अंकों पर सिमटकर चौथे स्थान पर रही और पदक से चूक गई। कतर को रजत से संतोष करना पड़ा, लेकिन उसने भारतीय जोड़ी को आखिरी दम तक टक्कर दी।
बताया गया है कि इस प्रदर्शन के दम पर नीरू और काइनन को इस स्पर्धा में नया रिकॉर्ड बनाने का मौका भी मिला। इससे एशियाई खेलों में भारत के निशानेबाजी अभियान में एक और अहम उपलब्धि जुड़ गई है। दोनों खिलाड़ियों की मेहनत और आपसी समझ ने साबित कर दिया कि टीम इवेंट में तालमेल कितना जरूरी होता है।
पदक तालिका में भारत की स्थिति
30 सितंबर तक भारत के खाते में कुल 57 पदक हो चुके हैं। इनमें 9 स्वर्ण, 21 रजत और 27 कांस्य पदक शामिल हैं। इसी के साथ भारत पदक तालिका में आठवें स्थान पर बना हुआ है। निशानेबाजों के इस ताजा प्रदर्शन से आगे के मुकाबलों के लिए भी टीम का हौसला बढ़ा है और देश को और पदकों की उम्मीद बनी हुई है। अब सबकी नजर अगले इवेंट्स पर टिकी है, जहां भारतीय खिलाड़ी पदकों की संख्या और बढ़ाने उतरेंगे।












