चंडीगढ़: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज पंजाब सरकार के कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए दिवाली के तोहफे के रूप में महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी का ऐलान किया, जिससे हमारी सरकार के कार्यकाल में महंगाई भत्ता 2022 के 28 प्रतिशत से बढ़कर 53 प्रतिशत हो गया है। बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता दिसंबर के वेतनों और पेंशनों के साथ मिलेगा। इस ऐलान से पिछले दो महीनों में महंगाई भत्ते में 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है, जिससे आठ लाख कर्मचारियों और पेंशनरों को लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारें अक्सर खजाना खाली होने का रोना रोती थीं, लेकिन हमारी सरकार ने कर्मचारियों की भलाई को प्राथमिकता दी और यह सुनिश्चित किया कि कर्मचारियों और पेंशनरों को उनके जायज हक से वंचित रखने में वित्तीय मुश्किलों को बहाना नहीं बनाया जाएगा।
कर्मचारियों को दिवाली का तोहफा: डीए में 3% की बढ़ोतरी, अब मिलेगा 53% भत्ता
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आज पंजाब के लगभग आठ लाख कर्मचारियों और पेंशनरों को दिवाली के तोहफे के रूप में हमने महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी का ऐलान किया है। इससे डी.ए. बढ़कर 53 प्रतिशत हो गया है, जिससे कर्मचारियों को लगभग 3,988 करोड़ रुपये का सालाना वित्तीय लाभ मिलेगा। कर्मचारी हमारी सरकार की रीढ़ की हड्डी हैं और हम उनकी भलाई, हक और सर्वांगीण कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। सभी कर्मचारियों और उनके परिवारों को दिवाली की लाख-लाख बधाई।”
कर्मचारी प्रशासनिक मशीनरी की रीढ़ की हड्डी: सीएम मान
यहां प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सूबे के प्रशासन और लोक सेवा में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के अतुलनीय योगदान को स्वीकार किया। उन्होंने कहा, “कर्मचारी और पेंशनर पंजाब सरकार के पारिवारिक सदस्य हैं और प्रशासनिक मशीनरी की रीढ़ की हड्डी हैं। वे आम लोगों की शिकायतों को दूर करने, अमन-कानून बनाए रखने और विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं को लागू करने के लिए पूरी तनदेही और समर्पण भावना से अपनी ड्यूटियां निभा रहे हैं।”
बिना रिश्वत और सिफारिश 71,777 युवाओं को दी सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री ने कहा, “हमने लोक कल्याण की अनेक योजनाएं लागू करने में जो सफलता हासिल की है, वह मुख्य तौर पर हमारे कर्मचारियों के बेमिसाल योगदान के कारण संभव हुई है। “मुख्यमंत्री ने समूह कर्मचारियों की लगन से सेवा करने के लिए तहे दिल से धन्यवाद किया और सरकारी नौकरियों पर लामिसाल भर्ती की पहलकदमियों की निशानदेही की। उन्होंने कहा, “हमारी सरकार ने पिछले चार सालों और नौ महीनों के दौरान सरकारी विभागों में अब तक की सबसे बड़ी भर्ती मुहिम चलाई है। हमने बिना किसी रिश्वत या सिफारिश के पूरी तरह मेरिट के आधार पर नौजवानों को 71,777 सरकारी नौकरियां दी हैं।”
बातचीत से हल होंगी मांगें, कर्मचारियों के लिए सरकार के दरवाजे खुले
उन्होंने आगे कहा, “मैंने कर्मचारियों की लंबे समय से लटकती आ रही मांगों को हल करने के लिए हमेशा बातचीत को प्राथमिकता दी है और हमारे दरवाजे उनके लिए हर समय खुले हैं।” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि इस ऐलान से पंजाब के करीब आठ लाख कर्मचारियों और पेंशनरों में खुशी की लहर दौड़ जाएगी। उन्होंने कहा, “पंजाब के लगभग आठ लाख कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए यह खुशी का दिन है। दिवाली के तोहफे के रूप में सरकारी मुलाजिमों को महंगाई भत्ते और पेंशनरों को महंगाई राहत में अतिरिक्त तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी मिल रही है।”
1 नवंबर से लागू होगी बढ़ोतरी, दिसंबर के वेतन में जुड़कर आएगा लाभ
उन्होंने आगे कहा, “यह बढ़ोतरी पहली नवंबर से लागू होगी और दिसंबर महीने में दी जाने वाली तनख्वाह और पेंशन में तीन की बढ़ोतरी शामिल होगी। इस बढ़ोतरी से पंजाब में डी.ए. 50 प्रतिशत से बढ़कर 53 प्रतिशत हो गया है। जब हमने 2022 में पदभार संभाला था तो सरकारी कर्मचारियों को सिर्फ 28 प्रतिशत की दर से डी.ए. मिल रहा था।”
2022 से अब तक 25% बढ़ा डीए, महज दो महीने में 11% की रिकॉर्ड वृद्धि
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने 2022 में सत्ता संभालने के बाद लगातार डी.ए. में बढ़ोतरी की है। उन्होंने कहा, “2022 से लेकर अब तक सूबा सरकार ने डी.ए. में 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। महज दो महीने पहले सितंबर में, डी.ए. में आठ प्रतिशत बढ़ोतरी का ऐलान किया गया था। यह पहली बार है, जब किसी सरकार ने महज दो महीनों के अंतराल में डी.ए. में 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है।”
11% बढ़ोतरी से ₹1,813 करोड़ का लाभ, छठे वेतन आयोग की देनदारियों का जिक्र
उन्होंने आगे कहा, “इस 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी से मौजूदा वित्तीय साल के दौरान कर्मचारियों और पेंशनरों को 1,813 करोड़ रुपये का फायदा होगा।” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि जब 2022 में सूबा सरकार ने पदभार संभाला था तो छठे पंजाब तनख्वाह कमीशन से संबंधित बड़ी वित्तीय देनदारी पहले से बकाया थी। उन्होंने कहा, “छठे पंजाब तनख्वाह कमीशन के लाभ पहली जनवरी 2016 से लागू होने चाहिए थे, लेकिन इसकी सिफारिशों को जुलाई 2021 में लागू किया गया था। नतीजे के तौर पर पहली जनवरी 2016 से 30 जून 2021 के लगभग 14,191 करोड़ रुपये के बकाये इकट्ठे हो गए थे।”
छठे वेतन आयोग के बकाये की चरणबद्ध अदायगी, अब तक ₹4,891 करोड़ जारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने इस लंबे समय से लटक रही वित्तीय देनदारी को योजनाबद्ध तरीके से हल किया है और 14,191 करोड़ रुपये के बकाये की अदायगी के लिए चरणबद्ध योजना तैयार की है। उन्होंने कहा, “हमने पेंशनरों को प्राथमिकता दी और उनके बकाये पहली अप्रैल 2025 को जारी कर दिए गए थे। सेवा निभा रहे सरकारी मुलाजिमों के बकाये पहली अप्रैल 2026 से जारी किए जाने शुरू हो गए हैं।” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आगे कहा, “अब तक 4,891 करोड़ रुपये के बकाये जारी किए जा चुके हैं और बाकी रहते 9,300 करोड़ रुपये भी अदा किए जाएंगे।”












